Amarnath के अमर कबूतरों का Secret, जिन्होंने सुनी थी Lord Shiva-Parvati की रहस्यमयी कहानी

Jul 13, 2026
Astro Panchang
हिंदू धर्म में भगवान शिव और मां पार्वती की अमरकथा से जुड़ी एक रोचक कहानी सुनने को मिलती है। श्री अमरनाथ जी श्राइन बोर्ड ने लिखा है कि सदियों पर भगवान शिव से माता पार्वती ने पूछा कि उन्होंने मुंड माला कब और क्यों धारण करना शुरू किया। जिस पर भगवान शिव ने जवाब देते हुए कहा कि जब भी देवी पार्वती का जन्म होता है, तो वह अपनी माला में एक और सिर जोड़ लेते हैं।
तब देवी पार्वती ने कहा कि मैं बार-बार मरती हूं, लेकिन आप अमर हैं। इसलिए मुझे अपनी अमरता का कारण बताइए। जिस पर भगवान शिव-शंकर ने उत्तर देते हुए कहा कि पार्वती इसके लिए आपको अमर कथा सुननी होगी।
अमरकथा सुनाने से पहले क्या-क्या त्यागा
जब भगवान शिव जी माता पार्वती को अमरकथा सुनाने को तैयार हो गए। तो शिव-पार्वती ऐसी जगह के लिए चल पड़े, जहां पर अन्य कोई अमर कथा को न सुन सके। अमरकथा सुनाने के लिए उन्होंने अमरनाथ गुफा को चुना। लेकिन इससे पहले भगवान शिव ने अपने प्रिय भक्त और वाहन नंदी को पहलगाम में छोड़ दिया।
वहीं अपने नागों को शेषनाग झील के किनारे छोड़ दिया। उन्होंने भगवान गणेश को महागुण पर्वत पर छोड़ा और जीवन के पंच तत्वों को पंजतरणी में त्याग दिया। जिनके वह स्वामी हैं। इन सभी को त्यागने के बाद भगवान शिव ने माता पार्वती के साथ अमरनाथ गुफा में प्रवेश किया और समाधि ले ली।