आज यानी की 28 अगस्त को गणेश उत्सव का दूसरा दिन है। मुख्य रूप से गणेश चतु्र्थी के 10वें दिन गणपति बप्पा का विसर्जन किया जाता है। इसको पारंपरिक तरीका माना जाता है। ऐसे में अगर आपके इस साल गणपति की प्रतिमा को अपने घर पर स्थापित की है, तो आपके लिए यह जानना जरूरी है कि आप अनंत चतुर्दशी से पहले भी बप्पा की विदाई कर सकते हैं। गणेश चतुर्थी के दिन पूजा-अर्चना के साथ गणेश जी की स्थापना की जाती है। भगवान गणेश को घर में स्थापित करने से घर में सुख-समृद्धि और सौभाग्य का आगमन होता है।
गणेश चतुर्थी के अलावा आप डेढ़ दिन, तीन दिन, पांचवे दिन और सातवें दिन भी गणपति बप्पा की विसर्जन कर सकते हैं। लेकिन इस दौरान सही विधि-विधान और शुभ मुहूर्त में ही करना चाहिए। सही नियमों का पालन करके गणपति बप्पा को विदा करने से भगवान गणेश अगले साल आने से पहले आपकी सभी मनोकामनाओं को पूर्ण करते हैं।
गणेश स्थापना नियम
घर में गणपति बप्पा की स्थापना के लिए हमेशा ऐसी मूर्ति चुनना चाहिए, जिसमें भगवान गणेश की सूंड़ बाईं ओर झुकी होनी चाहिए। इसको अत्यंत शुभ माना जाता है।
भगवान गणेश की बैठी हुई प्रतिमा को घर लाना शुभ माना जाता है। क्योंकि इससे घर में सुख और समृद्धि का वास होता है।
गणपति की मूर्ति का चेहरा हंसमुख और प्रसन्न होना चाहिए। साथ ही उनका एक हाथ आशीर्वाद की मुद्रा में होना चाहिए और दूसरे हाथ में मोदक होना चाहिए।
गणेश भगवान की प्रतिमा को हमेशा ईशान कोण दिशा में रखना चाहिए।
भगवान गणेश की मूर्ति को चौकी पर रखने से पहले चौकी को अच्छे से साफ कर लें औऱ गंगाजल से पवित्र करें।
गणपति बप्पा के पास रिद्धि-सिद्धि का स्थान जरूर दें। अगर मूर्तियां उपलब्ध न हो, तो उनकी जगह पर आप सुपारी भी रख सकते हैं।
भगवान गणेश की दाईं ओर जल से भरा कलश स्थापित करें। इसके बाद फूल और अक्षत हाथ में लेकर गणपति बप्पा का ध्यान करना चाहिए।
गणेश विसर्जन नियम
आप अपनी सुविधा और पारिवारिक परंपराओं के मुताबिक भगवान गणेश को 1.5 दिन, 3 दिन, 5 दिन, 7 दिन या 10 दिन तक घर में रख सकते हैं। आप बप्पा को कितने दिनों तक घर में रखते हैं यह पूरी तरह से आपके समय, श्रद्धा और व्यवस्था पर निर्भर करता है। आप जिस दिन भी चाहें, गणपति बप्पा का विसर्जन कर सकते हैं। जिस दिन आप गणपति को विसर्जित करते हैं, उनकी पहले विधि-विधान से पूजा करें और आरती करने के बाद गणपति बप्पा को विदा करें।